Friday, January 18, 2019 समृद्ध और नाजुक पर्यावरण के साथ फिर से जुड़ने की कोशिश
लेख

अंडोरा की पर्यावरण, कृषि और स्थिरता मंत्री, सिल्विया कैल्वो के साथ साक्षात्कार

आपके अनुसार आज के समय की सबसे ज्यादा गंभीर पर्यावरणीय समस्या कौन सी है और क्यों है?

मुझे लगता है कि आज हम जिस सबसे महत्वपूर्ण पर्यावरणीय समस्या का सामना कर रहे हैं, वह प्राकृतिक संसाधनों का मानव द्वारा अतार्किक और निरंतर अति-दोहन है। यह जल और वायु प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन, घटती जैव विविधता और हाल ही के दशक में सामने आई दूसरी पर्यावरणीय समस्याओं के लिए भी जिम्मेदार है।

यह समस्या संभवतः इस तथ्य के कारण है कि मानवता प्रकृति के साथ अपने संबंधों से पूरी तरह से अलग हो गई है, हमने यह गलत धारणा बना ली है कि तकनीक के विकास की मदद से हम प्रकृति की सीमाओं को लांघ सकते हैं। 500 वर्ग किलोमीटर से कम क्षेत्रफल वाले पर्वतीय देश अंडोरा में एक ऐसा वातावरण है जो समृद्ध है और नाजुक भी है। हमारे यहां साल में लगभग 80 लाख पर्यटक आते हैं, इसलिए हमें अपने प्राकृतिक संसाधनों पर पर्यटन के कारण पड़ने वाले नकारात्मक प्रभावों के प्रति जागरूक होना चाहिए।

आपके विचार में इस समस्या से छुटकारा पाने के कुछ व्यावहारिक तरीके कौन से हैं?

सबसे पहले विकसित देशों में रहने वाले लोगों को अपनी जीवनशैली में बदलाव करना होगा, ये बदलाव संभवतः जीवाश्म ईंधन (परिवहन, हीटिंग और एयर कंडीशनिंग के लिए) के कम उपयोग, भोजन (हमारे आहार में मांस की अधिकता के संबंध में) में और इसी प्रकार के अन्य पहलुओं के लिए होने चाहिए। इसका हमारे उपभोग पर सीधा प्रभाव पड़ेगा और यह तथाकथित "हरित अर्थव्यवस्था" की शुरुआत होगी, जिसमें वृत्ताकार अर्थव्यवस्था के सिद्धांतों से लेकर स्वच्छ ऊर्जा के उत्पादन तक सब कुछ शामिल होगा।

यह उन देशों के लिए बहुत महत्वपूर्ण होगा, जो अभी तक विकसित नहीं हो सके हैं, और जो विकसित होने के लिए विभिन्न चरणों से गुजरने की बजाय प्रकृति के अन्धाधुंध दोहन में जुट गए हैं और इसका वहां के पर्यावरण और लोगों के स्वास्थ्य पर विनाशकारी प्रभाव हुआ है। इसमें उन समुदायों के मॉडल का प्रत्यक्ष विकास शामिल होगा जो कम संसाधनों का उपभोग करते हैं, जो कि टिकाऊ नवोन्मेषी समाजों को जन्म देने के उद्देश्य से स्थायी गतिशीलता, नवीकरणीय ऊर्जा और अधिक जिम्मेदार उपभोग के लिए एक निर्धारित प्रतिबद्धता दिखाते हैं और जिनके सदस्य निश्चित रूप से कम स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करेंगे।

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आप पर्यावरण संरक्षण में भागीदारी के लिए लोगों को प्रोत्साहित कैसे करेंगी?

कोई भी बदलाव करने के लिए और पर्यावरण के लिए हितकारी कार्य करने के लिए समाज का पूर्ण समर्थन प्राप्त करना अनिवार्य है। लोगों को सही ढंग से समझाए जाने की आवश्यकता है, उन्हें अभिनव और सुलभ समाधानों तक पहुंच की आवश्यकता है, और उन्हें आकर्षक प्रमुख उपभोक्तावादी मॉडल के विपरीत चलने के लिए बहुत अधिक प्रयास करने की जरूरत है। मुझे यकीन है कि नई पीढ़ियों द्वारा बदलाव किया जाएगा और हमें उनके साथ मिलकर काम करना होगा। अंडोरा में, हमारे स्कूल जाने वाले बच्चों और युवाओं में से 70 प्रतिशत हरित विद्यालयों में जाते हैं, जो उन्हें शिक्षा के माध्यम से और स्कूली जीवन के सभी क्षेत्रों में नई चुनौतियों का सामना करने और स्थिरता के मूल्यों को अपनाने की शिक्षा देते हैं।

इससे पहले, हालांकि, हमें जैव विविधता द्वारा हमें प्रदान की गई पारिस्थितिकी तंत्र की सेवाओं का मूल्य पहचानना चाहिए, और हम मनुष्य पृथ्वी पर हमारे लिए निर्धारित स्थान को वापस प्राप्त करना चाहते हैं तो हमें प्रकृति का सम्मान करना शुरू कर देना चाहिए। अंडोरा एक पर्वतीय देश है और यहां की अधिकांश जनसंख्या पहाड़ों में बसती हैं। प्रकृति के साथ समाज के संपर्क को ठीक करने के लिए, हम हरे भरे रास्तों का एक नेटवर्क बना रहे हैं जो शहरी क्षेत्रों को संरक्षित स्थानों से जोड़ते हैं और हमारे नागरिकों, परिवारों और बुजुर्गों को पूरी सुरक्षा में हमारे प्राकृतिक और ग्रामीण परिदृश्य का आनंद लेने का अवसर देते हैं।

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